Thursday, May 17, 2012

सिरैमिक टेक्नोलॉजी में करियर

ऐसा माना जाता है लगभग 3000 हजार वर्ष पूर्व ही चीन के निवासियों ने सिरैमिक का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया था। उस समय इसका इस्तेमाल आमतौर पर कप तैयार करने के लिए किया जाता था। लेकिन इस क्षेत्र का आकार अब काफी बडा चुका है। आज कप और सजावटी सामानों से लेकर स्पार्र्क प्लग, ड्रेन पाइप, सिनेटरी वायर, स्पेस सटल और न जाने कितने उद्योगों में इसका इस्तेमाल होने लगा है। यदि आप सिरैमिक टेक्नोलॉजी की डिग्री हासिल कर लेते हैं, तो यहां आपके लिए ढेरों संभावनाएं हैं।

क्वालिफिकेशन और कोर्सेज
इस फील्ड में एंट्री के लिए बारहवीं साइंस (फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ) से पास होना जरूरी है। देश के कई प्रमुख कॉलेज सिरैमिक टेक्नोलॉजी से जुडे बीई, बीटेक प्रोग्राम ऑफर कर रहे हैं। इसकी अवधि चार वर्ष की होती है। इसके बाद सिरैमिक में एमटेक और पीएचडी कोर्स भी कर सकते हैं। इस कोर्स में एंट्री रिटेन टेस्ट के आधार पर होती है।

क्या करते हैं सिरैमिक टेक्नोलॉजिस्ट
सिरैमिक प्रोडक्ट को तैयार करना वैज्ञानिक प्रक्रिया है। सिरैमिक टेक्नोलॉजिस्ट नई तकनीक की सहायात से नॉन-मैटेलिक और इनऑर्गनिक मैटेरियल्स का इस्तेमाल करते हुए उपयोगी और बेहद आकर्षक प्रोडक्ट तैयार करने में माहिर होते हैं। इतना ही नहीं, वे बालू और क्ले (चिकनी मिट्टी) का उपयोग बेसिक सिरैमिक मैटेरियल को तैयार करने के लिए करते हैं। इसमें केमिकल प्रॉसेस की मदद भी ली जाती है। 

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